इज़राइल तेल अवीव : इज़राइल फलस्तीन युद्ध, इज़राइल की जेल में बंद फलस्तीनियों की रिहाई की मध्यस्थता कर रहा कतर, अमेरिका से भी बात चीत जारी।
Israel Tel Aviv
इज़राइल तेल अवीव : कतर ने हमास के अधिकारियों से महिलाओं और बच्चों की रिहाई के लिए मध्यस्थता के बारे में बातचीत की है। कतर के मध्यस्थों ने हमास के अधिकारियों से इजरायल के जेलों में बंद 36 फलस्तीन महिलाओं और बच्चों के बदले गाजा से पकड़े गए इजरायली नागरिकों की रिहाई की पेशकश की है। वहीं इस हमले में अब तक 800 से अधिक इजरायली नागरिकों की मौत हो गई है।
दोहा। फिलिस्तीन के चंपरपंती संगठन हमास द्वारा इजरायल पर हमला करने और इजरायली लोगों को बंधक बनाने के बाद यरुशलम भी पर लगातार जवाबी कार्रवाई कर रहा है। वहीं, हमास ने इजरायल पर हमला करने के दौरान कई इजरायली नागरिकों को भी बंधक बना लिया है। इस बीच, कतर ने हमास के अधिकारियों से महिलाओं और बच्चों की रिहाई के लिए मध्यस्थता के बारे में बातचीत की है। समाचार एजेंसी रायटर ने सूत्रों के हवाले से यह जानकारी दी है।
पकड़े गए लोगों की रिहाई के लिए बीच-बचाव में आया कतर।
उन्होंने बताया कि कतर के मध्यस्थों ने हमास के अधिकारियों से इजरायल के जेलों में बंद 36 फलस्तीन महिलाओं और बच्चों के बदले गाजा से पकड़े गए इजरायली नागरिकों की रिहाई की पेशकश की है। उन्होंने कहा कि इस मामले में कतर अमेरिका के साथ भी समन्वय कर रहा है और दोनों देशों के बीच बातचीत सकारात्मक रूप से आगे बढ़ रही है। हालांकि, दोनों पक्षों के बीच अभी तक किसी भी प्रकार से सफलता के संकेत नहीं मिले हैं।
हमास के अधिकारियों के साथ संपर्क में है कतर
उन्होंने बताया कि इस्लामिक समूह द्वारा पहचाने गए 36 फलस्तीनी महिलाओं और बच्चों के कैदियों के संभावित आदान-प्रदान में हमास द्वारा प्रस्तावित इजरायली महिलाओं और बच्चों की बंधकों की संख्या के बारे में सटीक जानकारी नहीं है। उन्होंने कहा कि कतर फिलहाल हमास के अधिकारियों के संपर्क में है।
हमास ने इजरायली नागरिकों को बनाया बंधक
गाजा में हमास ने कितने को बंधक बनाया है इसकी भी संख्या अभी स्पष्ट नहीं है। हालांकि, माना जा रहा है कि हमास ने शनिवार को इजरायल के महिलाओं, बच्चों, बुजुर्गों और सैनिकों को बड़े पैमाने पर बंधकर बनाया है।
हमास के हमले में 800 से अधिक इजरायली नागरिकों की मौत।
मालूम हो कि हमास ने शनिवार (7 अक्टूबर) को भारी मात्रा में इजरायल पर एक के बाद एक कई हवाई हमले किए। इस हमले में अब तक करीब 800 लोगों की मौत हो गई है, जबकि 2500 से अधिक लोग घायल हो गए हैं।

