कटरा श्रावस्ती, दिगंबर जैन मंदिर श्रावस्ती मैं पहुंचे जैन मुनि यतींद्र सागर जी महाराज और जैन अनुयायियों ने उनका स्वागत सत्कार किया ।
कटरा श्रावस्ती, दिगंबर जैन मंदिर श्रावस्ती मैं पहुंचे जैन मुनि यतींद्र सागर जी महाराज और जैन अनुयायियों ने उनका स्वागत सत्कार किया ।
कटरा श्रावस्ती,
दिगंबर जैन मंदिर श्रावस्ती मैं पहुंचे जैन मुनि यतींद्र सागर जी महाराज और जैन अनुयायियों ने उनका स्वागत सत्कार किया ।
इसके उपरांत मंदिर परिसर में जलाभिषेक तथा शांति धारा पूजा की गई ।शांति धारा एवं जलाभिषेक रूपेश जैन बहराइच ने किया। इस दौरान संतमुनि 108 यतींद्र सागर ने कहा कि जिनके पास सिक्के थे वो मज़े से बरसात में भीगते रहे और जिनके पास नोट थे वह छत तलाशते रह गये हमेशा मुस्कुराते रहिए। जीवन में अच्छे कर्म करते रहो और मजे से जिओ। गुरुवार को मुनि यतींद्र सागर ने अभिषेक पूजन भक्तांबर विधान पाठ एवं माता पद्मावती का श्रृंगार अभिषेक पूजन विशेष पूजा आराधना करवाई। इस दौरान जैन समाज के अनेक भक्त प्रवचन सुनने पहूंचे।मुनि श्री के प्रवचन सुनने के लिए यहां प्रतिदिन सैकड़ों श्रद्धालु पहुंच रहे हैं। मुनिश्री का कहना है कि धर्म के मार्ग पर चलने वाला कभी परेशान नहीं होता है। धर्म जीवन का मुख्य मार्ग होना चाहिए। मनमाने तरीके से जीवन जीना इंसान का धर्म नहीं। मनमाने तरीके से तो पशु अपना जीवन व्यतीत करता है। मनुष्य तो वही है जो धर्म पर चले। अवसर पर महेंद्र जैन, सुनील जैन ,ज्ञानचंद जैन, अनुराग जैन आदि जैन परिवार के लोग मौजूद रहे।
शिवा जायसवाल
संवाददाता श्रावस्ती।