उत्तर प्रदेश : उन्नाव सड़कों की खस्ताहाल हालत पर बिफरे सांसद साक्षी महाराज बोले कब गड्ढामुक्त होंगे मार्ग।
Uttar Pradesh Unnao
उत्तर प्रदेश : उन्नाव जिला विकास समन्वय और निगरानी समिति (दिशा) की बैठक में सांसद डॉ. हरि साक्षी महाराज के निशाने पर पीडब्ल्यूडी व बिजली विभाग के अधिकारी रहे। जिले की खस्ताहाल सड़कों पर तो सांसद विभागीय अधिकारियों पर बिफर पड़े। दो टूक पूछा कि आखिरकार सड़कों के गड्ढे कब भरेंगे। सांसद के रूख को देखते हुए पीडब्ल्यूडी के अधीक्षण अभियंता एके दिवाकर ने 15 अक्तूबर तक सड़कों को गड्ढामुक्त करने की बात कही। वहीं सांसद ने बिजली विभाग के जिम्मेदारों से कार्यशैली में सुधार की चेतावनी दी। विकासभवन में आयोजित बैठक में सांसद डॉ. हरि साक्षी महराज ने कहा कि जिले में कई सड़कों की स्थिति बहुत खराब है। इन्हें जल्द दुरुस्त करा दें। यदि ऐसा न हुआ तो संबंधित अधिकारी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। सांसद ने बिजली विभाग की कार्यशैली पर प्रश्नचिन्ह लगाते हुए कहा कि सबसे ज्यादा लोग परेशान हैं। विभाग के स्थानीय कर्मचारियों द्वारा गरीब व कमजोर लोगों को परेशान किया जा रहा है। बढ़ा-चढ़ाकर बिल बनाए जा रहे हैं। रोस्टर के अनुसार आपूर्ति नहीं की जा रही है। लोगों से अवैध वसूली भी की जा रही है। उन्होंने अधीक्षण अभियंता एसके चौधरी को सख्त निर्देश दिए कि विभाग की कार्यशैली में सुधार करें। इस प्रकार का चलन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी को निर्देश दिए कि पशुओं के अवैध कटान को प्रतिबंधित कराया जाए। वरना इसमें संलिप्त अधिकारी व कर्मचारी पर कड़ी कार्रवाई होेगी। उन्होंने कहा कि छुट्टा पशु जनपद की सबसे बड़ी समस्या है। इसके लिए आवश्यक योजना बनाकर शत-प्रतिशत गोवंश को गोआश्रय स्थलों में संरक्षित कराएं। स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा करते हुए कहा कि सामुदायिक व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सफेद हाथी साबित हो रहे हैं। सीएमओ से कहा कि प्रत्येक केंद्र पर डाक्टरों की उपलब्धता कराएं।

सांसद ने राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण/शहरी पेयजल कार्यक्रम, जल जीवन मिशन अन्तर्गत हर घर नल-हर घर जल, मिडडे मील एवं सर्व शिक्षा अभियान, कौशल विकास, बाल विकास, स्वच्छ भारत मिशन, राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम, समेकित विद्युत विकास योजना, ग्रामीण एवं शहरी आवास, ग्रामीण रोजगार, कृषि एवं सिंचाई, प्रधानमंत्री फसल बीमा, गोवंश संरक्षण व गड्ढामुक्ति व पैच मरम्मत आदि की समीक्षा की। सांसद ने माउस का बटन दबाकर कृषि व अन्य संवर्गीय विभागों द्वारा किसानों के कल्याणार्थ संचालित योजनाओं की जानकारी एसएमएस के माध्यम से देने के लिए ई-पम्फलेट का शुभारंभ भी किया।
बैठक में सांसद ने अधिकारियों से कहा कि जनप्रतिनिधियों का सम्मान करें। उनके द्वारा दी गई शिकायतों का तुरंत संज्ञान लें और कृत कार्यवाही से जनप्रतिनिधियों को अनिवार्य रूप से अवगत भी कराएं। सांसद ने कहा कि सभी अधिकारियों के पास जनप्रतिनिधि के नंबर भी होने चाहिए। इस पर स्नातक विधायक अरुण पाठक ने कहा जिले के पुलिस अधीक्षक का नंबर ही नहीं उठता है। अन्य अधिकारियों की क्या बात की जाए। इस पर सांसद ने कहा कि सभी अधिकारी जनप्रतिनिधि के फोन उठाएं और उत्तर दें। सफीपुर विधायक बंबा लाल दिवाकर ने कहा कि बिजली विभाग के जेई व एसडीओ फोन नहीं उठाते हैं। यह भी बताया कि क्षेत्र में सौ रुपए का बकाया होने पर एक का कनेक्शन काट दिया गया। डीएम ने जांच कराने की बात कही। सफीपुर विधायक ने यह भी बताया कि उनकी मां की सम्मान निधि नहीं आ रही है। पुरवा विधायक अनिल सिंह ने छुट्टा मवेशी व नगर पंचायत में खराब पड़े आरओ प्लांट की जांच कराने की मांग रखी।
जिला पंचायत अध्यक्ष शकुन सिंह, विधायक श्रीकांत कटियार, बृजेश रावत, एमएलसी रामचंद्र प्रधान, डीएम अपूर्वा दुबे, एसपी सिद्धार्थ शंकर मीना, सीडीओ ऋषिराज आदि।

