यह न्याय व्यवस्था का भारतीयकरण है

यह न्याय व्यवस्था का भारतीयकरण है

देशभर में सोमवार (1 जुलाई) से लागू किए गए नए कानून को लेकर गृहमंत्री अमित शाह ने प्रेस कांफ्रेंस की और समझाया कि आखिर नए कानूनों की जरूरत क्यों पड़ी. उन्होंने कहा कि "यह न्याय व्यवस्था का भारतीयकरण है."

केंद्रीय गृहमंत्री ने कहा, "तीनों नए कानून मध्य रात्रि से काम कर रहे हैं. इंडियन पीनल कोड की जगह भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) आ चुकी है. सबसे पहले हमने इसमें संविधान की आत्म के तहत दफाओं और चैप्टर की प्रायोरिटी तय की है. महिलाओं बच्चों को प्राथमिकता दी गई है, जो करने की जरूरत थी."