टशन में घूम रहे थे तीन लोग, पास में रखे थे सोना, गांव में जैसे ही पहुंचे, आ गई पुलिस
मध्य प्रदेश के बैतूल जिले से हैरान कर देने वाली घटना सामने आई है, जहां सोने के नाम पर ठगी करने वाले गिरोह को दबोचा गया. ये गिरोह असली सोना बताकर लोगों को नकली सोना बेचता था.
गिरोह के दो पुरुष और एक महिला को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. आरोपियों के पास से डेढ़ किलोग्राम नकली सोना बरामद हुआ है. एक निजी अस्पताल में ग्रामीण को 10 लाख में नकली सोना बेचने वाले थे.
ग्रामीण ने आरोपियों को 10 हजार एडवांस भी दे दिया था. जब ग्रामीण को तीन हार दिए गए, तब उसे नकली सोना होने का सन्देह हुआ और कोतवाली पुलिस को सूचना दी. आरोपियों ने खुदाई में सोना मिलने की बात बताकर ठगी का प्रयास किया था. तीनों आरोपी भोपाल की गांधी नगर नई बस्ती के रहने वाले हैं. एक आरोपीयो का पिछला आपराधिक रिकार्ड पुलिस खंगालने में जुट गई है. पुलिस ने जनता से अपील की है कि सोना-चांदी केवल रजिस्टर्ड सराफा दुकानों से ही करें.
बता दें कि साल 2021 में भी पुलिस ने इसी तरह के गिरोह का भंडाफोड़ किया था और चार लोगों को गिरफ्तार किया था. उनके पास से पुलिस ने 10 किलो सोना और पीतल के अलावा सात किलो चांदी के बिस्कुट बरामद किए हैं. इस गिरोह के सदस्य ने छिंदवाड़ा जिले के अविनाश करड़े को असली सोना बताकर पीतल थमा दिया था. शिकायत मिलने के बाद साईखेड़ थाने की पुलिस ने अपराध दर्ज कर जांच शुरू की तो बड़े गिरोह का खुलासा हुआ. गिरोह के सरगना अलगीर पारधी ने अपने साथियों के साथ मिलकर बैतूल के अलावा प्रदेश के कई जिलों और पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र में भी असली के नाम नकली गिन्नी थमाकर ठगी की जाती थी. आरोपी सुनियोजित ढंग से लोगों को यह बताते थे कि उन्हें गड़ा हुआ धन मिला है, इसे बेचना है.


sachin sharma